निचे से उपर तक पीएनबी बैंक का भ्रष्टाचार से कराहते ग्रामीण,  किस लोक में है मेसर्स बिनायक इंडस्ट्रीज जो लाभुकों को करता है समानों का सप्लाई,हाल पीएनबी बैंक शाखा अम्बा का, सवालों से भागते औरंगाबाद के आर एम

औरंगाबाद खबर सुप्रभात समाचार सेवा

औरंगाबाद जिले के पीएनबी शाखा अम्बा इन दिनों दलालों और भ्रष्ट बैंककर्मियों के फर्जीवाड़ा और षड्यंत्रकारी कारनामों से ग्रामीणों त्रस्त हैं। फलस्वरूप बेरोजगारों को रोजगार के लिए ऋण योजना बरदान नहीं अभिषाप बन गया है। ऐसा ही मामला पीएनबी बैंक शाखा अम्बा से जुड़े हुए प्रकाश में आ रहा है जो गंभीर जांच से पुरे मामले का सच्चाई क्या है इसकी खुलासा होगा। लेकिन अभी तक जो जानकारी मिल रही है उसके अनुसार पीएनबी बैंक शाखा अम्बा इन दिनों बेरोजगारों को रोजगार के लिए ऋण मुहैया कराने के नाम पर धोखाधड़ी कर गले का फांस बन गया है। इस संबंध में अम्बा थाना क्षेत्र के देउरा गांव निवासी संजय कुमार सिंह पिता स्वर्गीय देवराज सिंह ने बताया कि कर्ज प्राप्ति हेतु पीएनबी शाखा अम्बा में आवेदन दिया था। जिसके आलोक में 18.2.2026 को 9,00,000 लाख रुपए का कर्ज स्विकृत हुआ। लेकिन संजय कुमार सिंह के बगैरह सहमति के कोटेशन प्राप्त किया। तथा संजय सिंह को मानें तो उनके बगैर सहमति लिए अचानक एक दिन रात्रि में मशीन और मेटेरियल की आपूर्ति कर दिया गया और विश्वास में लेकर संजय सिंह से हस्ताक्षर करा लिया गया। इसके साथ ही संजय सिंह के पुत्र रौशन के बैंक एकाउंट के साथ भी छेड़छाड़ किया गया।जब संजय सिंह को संदेह हुआ तो उन्होंने पीएनबी बैंक के औरंगाबाद क्षेत्रीय प्रबंधक से लिखित शिकायत पर उन्हें जानकारी दी गई कि आप मेसर्स बिनायक इंडस्ट्रीज औरंगाबाद से संपर्क करें। जब संजय सिंह को औरंगाबाद में मेसर्स बिनायक इंडस्ट्रीज का पता लगाया गया तो कहीं भी मेसर्स बिनायक इंडस्ट्रीज होने का जानकारी नहीं मिली । इसके बाद असहज होकर क्षेत्रीय प्रबंधक, अम्बा शाखा के प्रबंधक एवं तथाकथित बैंक के दलाल हरेन्द्र सिंह को अपने अधिवक्ता के माध्यम से वकालतन नोटिस जारी किया। लेकिन जब समयानुसार वकालतन नोटिस का जबाब नहीं मिला तो उन्होंने अपना पीड़ा सुनाते हुए खबर सुप्रभात को वकालतन नोटिस का छाया प्रति उपलब्ध कराया तथा बैंक द्वारा किए गए मनमानी एवं धोखाधड़ी करने की बात बताया। मामले में ख़बर सुप्रभात के प्रतिनिधि जब 02 अगस्त को क्षेत्रीय प्रबंधक औरंगाबाद से उनके मोबाइल नंबर पर संपर्क कर बैंक का पक्ष जानने का प्रयास किया तो वे भड़क गए तथा किसी भी तरह का जानकारी नहीं दे सके।अब सवाल यह है कि आखिर मेसर्स बिनायक इंडस्ट्रीज औरंगाबाद में कहां है जिसे खोजने में पीड़ित संजय सिंह को पसीना छुट रहा है। दुसरा सवाल यह है कि यदि बैंक द्वारा कोई षड्यंत्र अथवा धोखाधड़ी नहीं किया गया तो फिर क्षेत्रीय प्रबंधक औरंगाबाद को सच्चाई बताने के बदले भड़कना यह बैंक के मनसूबे पर सवाल उठ रहा है और सवाल उठना लाजिमी है। यदि सचमुच में बैंक द्वारा धोखाधड़ी और कोई षड्यंत्र व कुटरचना किया गया है तो निश्चित रूप से कहा जा सकता है कि पीएनबी बैंक शाखा अम्बा द्वारा बेरोजगारों के साथ रोजगार के नाम पर ऋण मुहैया कराने के नाम पर अपना गोरखधंधा चला रहा है जो गंभीर जांच से सब-कुछ प्रकाश में आयेगा कि आखिर सच्चाई क्या है।