अम्बुज कुमार खबर सुप्रभात समाचार सेवा
व्यवहार न्यायलय औरंगाबाद में जिला जज सप्तम संतोष कुमार झा ने रफीगंज थाना कांड संख्या-500/23, जी आर -3147/23 एसटीआर-379/24 में सज़ा के बिन्दु पर सुनवाई करते हुए एक मात्र काराधिन अभियुक्त सत्येन्द्र चौधरी ग्राम बलिगांव रफीगंज को सज़ा सुनाई है एपीपी संजीव कुमार ने बताया कि प्राथमिक काराधिन अभियुक्त सत्येन्द्र चौधरी को दहेज हत्या के जुर्म में
08/07/26 को दोषी ठहराया गया था आज़ सज़ा के बिन्दु पर दोनों पक्षों को सुनने के पश्चात अभियुक्त को भादंवि धारा304बी में दस साल सश्रम कारावास की सज़ा सुनाई गई है अभियोजन की ओर से 05 गवाही हुई और बचाव पक्ष से 02 गवाही हुई थी अभियुक्त के विरुद्ध न्यायालय ने 30/05/24 को आरोप गठित किया था, अधिवक्ता सतीश कुमार स्नेही ने बताया कि प्राथमिकी सूचक राजकुमार चौधरी ग्राम मनोरा ओबरा ने अभियुक्त के विरुद्ध 19/11/23 को प्राथमिकी दर्ज कराई थी जिसमें कहा था कि मेरी भतीजी मनीषा देवी उम्र 20 साल की शादी हिन्दू रीति रिवाज से सत्येन्द्र चौधरी से 16/03/23 को हुई थी जिसमें उपहार स्वरूप तीन लाख और एक अपाची बाईक दिया गया था शादी के कुछ दिन बाद सोने के चैन और अंगुठी के लिए ससुराल में नवविवाहिता को प्रताड़ित किया जाने लगा तो लड़की ने इसकी जानकारी अपने सुरत में मजदुरी कर रहे पिता और माता को दी तो लड़की के परिजनों ने शिघ्र व्यवस्था करने का आश्वासन दिया किन्तु 13/11/23 को ससुराल पक्ष द्वारा मारपीट कर जहर पिला कर मगध कोलनी रोड गया के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया जहां 14/11/23 को इलाज के क्रम में पीड़िता के मृत्यु हो जाने पर ससुराल वाले भाग गए दमाद के फोन पर सूचना पर लड़की पक्ष
अस्पताल पहुंचे तो नवविवाहिता मृत पड़ी थी तब पीड़ित पक्ष ने न्याय के लिए थाना में आवेदन दिया।

