खबर सुप्रभात का हुआ असर, विधायक नें वीडीओ को दिया जाँच कर दोषियों पर कारवाई का आदेश,सूची का प्रकाशन नहीं होना खड़ा कर रहा सवाल

अम्बा ( औरंगाबाद ) खबर सुप्रभात समाचार सेवा


लोकतंत्र की सच्ची तस्वीर अगर देखना है तो सरकार के आलाधिकारियों को अम्बा प्रखंड़ के परता ग्राम पंचायत के भलुआड़ी खुर्द गाँव में आना होगा । यहाँ के महादलित परिवार आज भी सरकारी योजनाओं के लाभ से बंचित हैं। राशन मिलता है तो डिलर प्रति व्यक्ति पाँच किलो अनाज की जगह चार किलो ही देता है। झोपड़ीनुमा कच्चे, क्षतिग्रस्त

ख़बर सुप्रभात के कैमरा में दुखड़ा सुनाते दलित बृद्ध महिला

घोंसला ( घर ) में इस बरसात के मौसम में रतजग्गा कर जीवन बिता रहे हैं। लाभुकों को प्रधानमंत्री आवास दिलानें के नाम पर ब्लौक से एक महिला एवं पुरुष ( आवास सहायक ) स्थल पर गये थें। आवास दिलानें के नाम पर चार से पाँच हजार रुपये लिए गये । जो पैसा दिया, उसका नाम आवास की सूचि में जोड़ा गया और जिनके पास पैसा नहीं था उन्हें आवास दिलानें से बंचित कर सूचि में नाम नहीं जोड़ा गया । इसकी सूचना प्राप्त होते हि खबर सुप्रभात न्यूज पोर्टल के प्रतिनिधि ग्राउण्ड़ जीरो पर जाकर पिडीतों का हाल देखा एवं बातचित की । शिकायत शत प्रतिशत सही पाया गया । ग्रामिण महादलित महिला पार्वती कुँवर पति स्व. रामधनी में बताया कि मेरे पास पैसा नहीं था तो मेरा नाम कोलोनी ( प्रधानमंत्रीआवास ) की सूचि में नहीं जोड़ा गया । डिलर चार किलो ही प्रति व्यक्ति राशन देते हैं। मजदुरी करते हैं तो खाते हैं। काम नहीं मिला तो भुखे सोना पड़ता है। इसकी शिकायत ग्राउण्ड़ जिरो से लौटकर खबर सुप्रभात के प्रतिनिधि नें स्थानिय विधायक ललन राम से की । विधायक नें तुरंत संज्ञान लेते हुए प्रखंड़ विकास पदाधिकारी कुटुम्बा को जाँच कर दोषियों पर प्राथमिकी दर्ज करा कर कारवाई करनें को आदेश दिया । अब देखना है कि भलुआड़ी खुर्द के पार्वती कुँवर सहीत अन्य पिड़ीत लोगों को न्याय मिलता है कि नहीं ? डिलर एवं आवास सहायक पर क्या कारवाई होती है, यह तो समय ही बतायेगा। आश्चर्य तो यह है कि अभी तक प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभुकों का सूची तक प्रकाशित नहीं किया जा रहा है ताकि असलियत उजागर होने के बाद काले कारनामों का उजागर न हो जाए।