राष्ट्रीय लोक अदालत के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु दक्षिण बिहार ग्रामीण बैंक ने निकाला जागरूकता रथ, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, औरंगाबाद श्री राजीव रंजन कुमार ने हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

अम्बुज कुमार खबर सुप्रभात समाचार सेवा

आगामी 12 सितम्बर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के व्यापक प्रचार-प्रसार एवं आमजन को लोक अदालत के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से दक्षिण बिहार ग्रामीण बैंक द्वारा जागरूकता रथ निकाला गया। जागरूकता रथ को प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, औरंगाबाद  राजीव रंजन कुमार ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री राजीव रंजन कुमार ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत आमजन को त्वरित, सुलभ एवं प्रभावी न्याय उपलब्ध कराने का महत्वपूर्ण माध्यम है। लोक अदालत के माध्यम से पक्षकारों को आपसी सहमति, सुलह एवं समझौते के आधार पर अपने विवादों का शीघ्र समाधान प्राप्त करने का अवसर मिलता है। इससे न केवल पक्षकारों के समय एवं धन की बचत होती है, बल्कि लंबे समय तक चलने वाली न्यायिक प्रक्रिया से भी उन्हें राहत मिलती है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्देश्य केवल लंबित मामलों का निस्तारण करना नहीं है, बल्कि समाज में विवादों के शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण समाधान की संस्कृति को बढ़ावा देना भी है। लोक अदालत में पक्षकार स्वयं की इच्छा एवं सहमति से अपने विवाद का समाधान प्राप्त कर सकते हैं। इससे दोनों पक्षों के बीच आपसी संबंध एवं सामाजिक सौहार्द भी बनाए रखने में सहायता मिलती है।  राजीव रंजन कुमार ने कहा कि बैंकिंग एवं वित्तीय विवादों के निस्तारण में भी राष्ट्रीय लोक अदालत की महत्वपूर्ण भूमिका है। बैंक ऋण, बकाया राशि एवं अन्य योग्य बैंक संबंधी मामलों में संबंधित पक्षकार लोक अदालत के माध्यम से आपसी सहमति से समाधान प्राप्त कर सकते हैं। दक्षिण बिहार ग्रामीण बैंक द्वारा जागरूकता रथ निकाला जाना इस दिशा में एक सराहनीय पहल है, जिससे विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले बैंक उपभोक्ताओं को लोक अदालत के लाभों की जानकारी प्राप्त होगी। उन्होंने कहा कि जागरूकता रथ के माध्यम से जिले के विभिन्न क्षेत्रों में जाकर लोगों को 12 सितम्बर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में जानकारी दी जाएगी तथा उन्हें अपने योग्य मामलों के निस्तारण के लिए लोक अदालत का लाभ उठाने हेतु प्रेरित किया जाएगा। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि “अपने विवाद को लंबा न खींचें, आपसी सहमति और समझौते के माध्यम से समाधान की ओर कदम बढ़ाएं।” उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत आम नागरिकों के लिए विवादों के शीघ्र एवं सरल समाधान का महत्वपूर्ण अवसर है और इसका अधिकाधिक लाभ उठाया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाने के लिए न्यायपालिका, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, बैंकिंग संस्थानों, अधिवक्ताओं, प्रशासनिक पदाधिकारियों एवं आम नागरिकों की सामूहिक सहभागिता आवश्यक है। व्यापक प्रचार-प्रसार के माध्यम से लोगों को इसके लाभों की जानकारी देकर अधिक से अधिक योग्य मामलों का निस्तारण सुनिश्चित किया जा सकता है। इस अवसर पर सचिव, जिला विधिज्ञ संघ, औरंगाबाद श्री जगनारायण सिंह एवं क्षेत्रीय प्रबंधक श्री रवि रंजन सिंह सहित अन्य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे। जागरूकता रथ जिले के विभिन्न क्षेत्रों में भ्रमण कर लोगों को राष्ट्रीय लोक अदालत के उद्देश्य, प्रक्रिया एवं लाभों के संबंध में जानकारी देगा। साथ ही बैंक से संबंधित योग्य मामलों के पक्षकारों को आपसी सहमति एवं समझौते के माध्यम से अपने विवादों के शीघ्र समाधान के लिए प्रेरित किया जाएगा। जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद द्वारा आमजन से अपील की गई है कि वे 12 सितम्बर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिकाधिक संख्या में भाग लें और अपने योग्य मामलों के त्वरित एवं सौहार्दपूर्ण समाधान का लाभ उठाएं।