हर दवा के उपयोग का एक सीमा होती है : स्नेही

औरंगाबाद:अम्बुज कुमार खबर सुप्रभात समाचार सेवा


जिला विधिक सेवा प्राधिकार औरंगाबाद के पैनल अधिवक्ता सतीश कुमार स्नेही ने बताया कि किसी भी शारीरिक या मानसिक कष्ट होने पर बिना चिकित्सक परामर्श के एक ही दवा का निरंतर उपभोग से वह दवा के हम आदी हो जाते हैं यह लत ही नशा का रूप ले लेता है जीससे काफी मानसिक और शारीरिक दुष्प्रभाव हो सकता है,हम यदि शौक से या बहकावे में मादक पदार्थ का उपयोग स्वेच्छा से करते हैं तो धीरे-धीरे उसके सेवन के गुलाम हो जाते हैं जिसे फिर चाह कर भी छोड़ नहीं पाते हैं जिससे हमारा पढ़ाई और शारीरिक विकास काफी प्रभावित होता है परिवार और समाज के विकास और शान्ति पर गम्भीर प्रभाव पड़ता है, युवा वर्ग में नशीले पदार्थो के सेवन से अपराध की भावना पनपती है इसलिए मजबूत परिवार और स्वास्थ्य समाज के लिए नशामुक्त युवा वर्ग होना बहुत जरूरी है ताकि देश का भविष्य सुरक्षित रहे।