औरंगाबाद संवाद सूत्र, खबर सुप्रभात
बिहार सरकार के ग्रामीण विकास मंत्री 15 जुलाई (शुक्रवार) को जिले के मदनपुर प्रखंड में एन एच 2 के किनारे उमगा तलाब एवं दश्वत खाप आहर का जिर्णोद्धार कार्य का निरीक्षण कर मात्र खानापूर्ती करने तथा सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन में हो रहे घपला घोटाला पर पर्दा डालने का कार्य किये हैं। उक्त बातें भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के मदनपुर लोकल कमिटी के सचिव बिरेंद्र प्रसाद एवं जिला सचिव महेन्द्र यादव ने खबर सुप्रभात को बताये। नेताओं ने कहा कि यदि सचमुच में ग्रामीण विकास मंत्री को सरकार द्वारा चलाए जा रहे गांवों में योजनाओं का जांच कर वास्तविक स्थिति से रुबरु होना है तो मदनपुर प्रखंड के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में बसे गांवों में पहुंचे और योजनाओं का जांच करें तब वास्तविक स्थिति उन्हें समझ में आयेगा

माकपा नेता ने कहा कि ग्रामीण विकास मंत्री के साथ जिलाधिकारी सौरभ जोरवाल के अलावे जिला प्रशासन के और कई वरिये अधिकारी तथा भी मौजूद थे लेकिन मंत्री को सुदूरवर्ती इलाकों में आखिर जांच के लिए क्यों नहीं ले जाया गया इसके पीछे आखिर क्या कारण रहा होगा यह सब जनता समझ रही है। उन्होंने आगे कहा कि जिलाधिकारी मदनपुर के सुदूरवर्ती इलाकों में सरकार द्वारा विकास के नाम पर हो रहे खानापूर्ति और घपला घोटाला का हो रहे खेल का पर्दाफाश नहीं हो इसीलिए जिला प्रशासन द्वारा उन सुदूरवर्ती इलाकों में ग्रामीण विकास मंत्री को नहीं पहुंचाया गया। माकपा नेताओं ने बिहार सरकार से मिडिया के माध्यम से मांगा किया है कि विधानसभा के संयुक्त कमिटी गठित कर मदनपुर के अलावे जिला के विभिन्न भागों में सरकार द्वारा चलाए जा रहे योजनाओं का जांच कराया जाए ताकि जिला में चल रहे घपला घोटाला का खेल उजागर हो सके तथा घपला घोटाला का खेल में शामिल अधिकारियों और सफेदपोश एवं दलालों के चेहरे से नकाब उतर सके।