सुनील कुमार सिंह खबर सुप्रभात समाचार सेवा
हिन्दू नववर्ष 2083 की शुरुआत आज से ही शुरू हो गया है। इसे विक्रम सम्वत् की शुरुआत कहा जाता है। तो वहीं चैती नवरात्रा की प्रतिपदा की तिथि है तथा चारो तरफ नवरात्रा में भगवती दुर्गा के प्रथम स्वरूप ‘ माँ शैलपुत्री ‘ की की अराधना शुरू हो चुकी है। सभी मंदिरों एवं शिवालयों से शंख, घंटा एवं घडियाल की आवाजें सुनायी देनें लगी, अखण्ड़ रामायण पाठ एवं दुर्गा सप्तसी के पवित्र मंत्र – ” या

देवी सर्व भुतेषु शक्ति रूपेण संस्थितः, नमस्तस्ये नमस्तस्ये नमस्तस्ये नमो नमः ” सुनायी देनें लगी है। विश्व हिन्दू परिषद् के जिला सह मंत्री डॉ. नवीन कुमार पाठक नें बताया कि आज से प्रकृति में अमुल – चूल बदलाब देखनें को मिलेगा । तभी तो महाराजा विक्रमादित्य नें सनातनी कैलेन्डर की शुरूआत आज से ही की थी । तो वहीं विश्व हिन्दू परिषद् धर्म प्रसार के जिला प्रमुख राम पुकार सिंह ‘ हरिओम ‘ नें कहा

कि ब्रह्मा जी नें सृष्टि की शुरूआत आज ही के दिन से किया था । आज से ही हिन्दू कैलेन्डर की शुरूआत शुरू होती है। एक जनवरी तो अंग्रेजों का नया साल होता है और यह क्रिशिचि निलीटी कैलेन्डर है। आज इस पावन अवशर पर सलैया थानाक्षेत्र के हरि विगहा में हर घर पर भगवा ध्वज लगाये गये । दर्जनों की संख्या में सताननियों नें हाँथो में बैनर, भगवाध्वज लेकर पुरे नगर वस्ती में प्रभात फेरी लगाते हुए – ‘ ‘हिन्दू नववर्ष मंगलमय हो ‘कहते हुए एक दुसरे को बधाईयाँ दी । कार्यक्रम में लाला साव, अशोक साव, शीत कुमार, सुरज कुमार, शशि सुमन, अभिमन्यु कुमार, केदार साव, सुशील यादव, सुप्रिया कुमारी, आकाश कुमार सहीत कई सनातनियों नें सहभागिता निभाई ।
तो वहीं मदनपुर के पूर्वी सीमा पर स्थित नारायण पुरम् में भी विश्व हिन्दू परिषद् के आजीवन हित चिंतक जितेन्द्र सिंह ‘ परमार ‘ के नेतृत्व में सैंकड़ो की संख्या में सनातनियों नें प्रभातफेरी कर शंखनाद करते हुए हिन्दू नववर्ष का स्वागत किया ।
