ग्रामीण क्षेत्रों में प्रत्येक घर पर 1200 रुपए का टैक्स और हाईवे पर टोल टैक्स लगाना सम्राट का सरकार का जनविरोधी फैसला : सीपीआई (एम)

संवाद सूत्र ख़बर सुप्रभात समाचार सेवा

पटना : सीपीआई (एम) की बिहार राज्य कमिटी ने ग्रामीण क्षेत्रों में सभी घरों पर 1200 रू होर्डिंग टैक्स लगाने के साथ ही हाईवे पर टोल टैक्स के रूप में मोटी रकम वसूल करने के एनडीए सरकार के फैसले का कडा़ विरोध किया है । माकपा राज्य सचिव ललन चौधरी , राज्य सचिवमंडल सदस्य अहमद अली एवं मनोज कुमार चन्द्रवंशी ने कहा कि शहरी क्षेत्रों में पहले से ही होर्डिंग टैक्स के रूप में भाजपा नीत एनडीए सरकार भारी रकम वसूलती रही थी । अब इस फैसले को ग्रामीण क्षेत्रों में थोप कर गरीबों के पाॅकेट पर डाका डालना चाहती है । माकपा नेताओं ने कहा कि एक तरफ डीजल पेट्रौल की मुल्य वृद्धि के चलते सवारी गाड़ियों का भाडा़ बढ़ने के चलते लोग पहले से ही परेशान हैं । और उपर से टोल टैक्स थोपने का फैसला जनता को आर्थिक रुप से और अधिक तबाह करेगा । उन्होंने सम्राट सरकार की कार्यशैली पर प्रश्न खडा़ करते हुए कहा कि जब से यह सरकार वजूद में आई है , खासकर बिहार की गरीब एवं पिछडी़ जनता भारी तबाही में अपना जीवन बिता रही है । गरीबों का घर उजाड़ना , वर्षों से बसे हुए भूमिहीनों के घर पर बुल्डोजर चलाना , अनियमित समय पर वृद्धावस्था पेंशन का भुगतान करना और फर्जी एनकाउंटर करना – ये सभी जन विरोधी हरकतें सम्राट सरकार की पहचान बन गयी है । उन्होंने राज्य सरकार से अपने इस फैसले पर पुनर्विचार करने और इस फैसले का विरोध करते हुए इसे तत्काल वापस लेने की मांग की ।